जमशेदपुर में जागरूक नागरिकों की पहल से नशे के अवैध कारोबार का भंडाफोड़, 20 पेटी से अधिक व्हाइटनर बरामद

जमशेदपुर:  यदि समाज के लोग जागरूक हों, तो सामाजिक कुरीतियों पर प्रभावी रोक लगाई जा सकती है। इसका ताजा उदाहरण जमशेदपुर में सामने आया है, जहां समाज के कुछ जागरूक लोगों की सतर्कता से नशे के एक बड़े अवैध कारोबार का खुलासा हुआ है। बीते कुछ महीनों से शहर में लिक्विड, टैबलेट और ब्राउन शुगर जैसे खतरनाक नशीले पदार्थों का धंधा तेजी से फैल रहा था, जिसकी चपेट में अब छोटे-छोटे बच्चे भी आने लगे थे।

Trulli

 

स्थानीय लोगों के अनुसार, हाल के दिनों में बच्चों को नशीले पदार्थों का सेवन करते देख समाज के कुछ जागरूक लोग इसकी तह तक जाने में जुटे थे। इसी दौरान एक युवक को कागज में लपेटकर किसी नशीले पदार्थ का सेवन करते हुए देखा गया। लोगों ने युवक को पकड़कर पूछताछ की। शुरुआत में वह जानकारी देने से बचता रहा, लेकिन समझाइश और सख्ती के बाद उसने साकची बाजार स्थित टीना शेड की एक दुकान से नशे का सामान खरीदने की बात स्वीकार की।

 

बताए गए स्थान पर जब जांच की गई तो वहां से नशीला सामान बरामद हुआ। आगे पूछताछ में खुलासा हुआ कि जयसवाल बिल्डिंग में बड़ी मात्रा में व्हाइटनर का भंडारण किया गया है, जिसका इस्तेमाल बच्चे नशे के लिए कर रहे हैं। दुकानदार ने पहले केवल 3-4 पीस व्हाइटनर होने की बात कही, लेकिन पुलिस को सूचना देकर जब दुकान और अन्य ठिकानों की तलाशी ली गई, तो दो स्थानों से 20 पेटी से अधिक व्हाइटनर बरामद की गई। इसके साथ ही गल्ले से करीब एक लाख रुपये नकद भी मिले।

 

गौ रक्षा और नशा मुक्ति अभियान में सक्रिय अजय सिंह और जयंत कुमार ने बताया कि वे लंबे समय से यह पता लगाने का प्रयास कर रहे थे कि नशे का सामान शहर में कहां से सप्लाई हो रहा है। पूरी जानकारी जुटाने के बाद पुलिस के सहयोग से छापेमारी की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि बरामद व्हाइटनर की सप्लाई पूरे जमशेदपुर में की जा रही थी, जिससे बच्चे नशे की ओर धकेले जा रहे थे।

 

फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और नशे के इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है। समाज के जागरूक लोगों ने साफ किया है कि नशा मुक्त समाज के लिए उनका अभियान आगे भी जारी रहेगा।