रांची: झारखंड में महिलाओं के सशक्तिकरण को नई दिशा देने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने दो बड़ी योजनाओं—‘मंईयां बलवान योजना’ और ‘मंईयां उद्यमी योजना’—की शुरुआत का ऐलान किया है। इन योजनाओं का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक, सामाजिक और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाना है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं को केवल लाभार्थी नहीं, बल्कि आत्मनिर्भर और सशक्त नागरिक बनाना चाहती है। इसी सोच के तहत ये नई योजनाएं लाई जा रही हैं।
‘मंईयां बलवान योजना’ क्या है?
‘मंईयां बलवान योजना’ के तहत महिलाओं को आर्थिक सहायता, पोषण, स्वास्थ्य और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। इसका मकसद महिलाओं को शारीरिक और आर्थिक रूप से मजबूत बनाना है, ताकि वे परिवार और समाज में मजबूत भूमिका निभा सकें।
‘मंईयां उद्यमी योजना’ से बढ़ेगा रोजगार
वहीं ‘मंईयां उद्यमी योजना’ के जरिए महिलाओं को स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। इस योजना के अंतर्गत महिलाओं को प्रशिक्षण, आसान ऋण और व्यवसाय शुरू करने में सहयोग दिया जाएगा, जिससे वे खुद का रोजगार स्थापित कर सकें।
सरकार की प्राथमिकता—महिला सशक्तिकरण
मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड सरकार की प्राथमिकता महिलाओं को आगे बढ़ाना है। उन्होंने कहा कि पहले से चल रही योजनाओं के साथ अब इन नई पहलों से महिलाओं को और अधिक अवसर मिलेंगे।
सरकार का मानना है कि इन योजनाओं के लागू होने से राज्य में महिला उद्यमिता को बढ़ावा मिलेगा और ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।